यह कौन-सी लकड़ी है? एक फ़ोटो से जानें

ताज़ा घिसे हुए हिस्से वाले पुराने तख्ते की फ़ोटो लेता फ़ोन—चित्रण

"यह कौन-सी लकड़ी है?" जानने का सबसे तेज़ तरीका उसके रेशों की फ़ोटो लेना है। सतह गंदी या मौसम की मार से बदली हुई हो, तो पहले छोटा-सा हिस्सा घिस लें। फिर दिन की रोशनी में फ़ोटो लें। LasWood कुछ ही सेकंड में प्रजाति, उसका वैज्ञानिक नाम, कठोरता और सही इस्तेमाल बता देता है। फ़ोरम पर पोस्ट करके एक दिन बाद तीन अलग-अलग जवाब पाने से यह कहीं बेहतर है।

अनजाने तख्ते की पहचान क्यों करें?

पुराने पैलेट, सेकंड-हैंड मिली लकड़ी और बचे हुए टुकड़ों में बेशकीमती लकड़ी छिपी हो सकती है। पुराने पैलेट में पर्पलहार्ट और सफेद ओक तक मिल चुके हैं; खलिहान के पुराने तख्ते अक्सर अमेरिकी चेस्टनट के होते हैं, जो अब नया खरीदने पर भी नहीं मिलता। पहचान आपके औज़ारों और फेफड़ों की भी हिफ़ाज़त करती है: कुछ उष्णकटिबंधीय लकड़ियाँ ब्लेड जल्दी कुंद कर देती हैं, और कोकोबोलो जैसी लकड़ी को घिसने से पहले जान लेना बेहतर है, क्योंकि वह एलर्जी पैदा कर सकती है।

लकड़ी की पहचान के लिए साफ़ फ़ोटो कैसे लें

मौसम की मार से धूसर हुई लकड़ी की असली पहचान छिप जाती है। धूप से फीकी पड़ी ओक और चीड़ की सतह एक जैसी दिख सकती है। इसलिए पहले ताज़े रेशे सामने लाएँ: किसी कोने को सैंडपेपर से तीस सेकंड घिसना काफ़ी है। दिन की रोशनी या हल्की छाँव में फ़ोटो लें, फ़्रेम में रेशों को भरें और फ़ोन को सतह के ठीक सामने रखें। तख्ते का सिरा साफ़ हो, तो उसकी भी फ़ोटो लें; सिरे पर दिखने वाले रेशे पहचान के सबसे अच्छे संकेत देते हैं।

पहचान के साथ क्या जानकारी मिलती है?

LasWood सिर्फ़ लकड़ी का नाम नहीं बताता, उसकी पूरी प्रोफ़ाइल देता है: वैज्ञानिक और आम नाम, प्राकृतिक आवास, कठोरता, रेशों की बनावट, आम इस्तेमाल और फ़िनिश लगाने पर उसका व्यवहार। Tree Chat में फ़ोटो और जवाब साथ रहते हैं, ताकि आप अपने सामने रखे उसी तख्ते के बारे में आगे भी पूछ सकें। विशेषज्ञों के चुने हुए वीडियो दिखाते हैं कि कारीगर उस लकड़ी का इस्तेमाल कैसे करते हैं।

अखरोट की लकड़ी की कॉफ़ी टेबल पर कौन-सी फ़िनिश लगाएँ, यह बताता LasWood Tree Chat
Tree Chat आपके फ़ोटो वाले तख्ते पर आगे के सवालों के जवाब देता है—फ़िनिश चुनने में भी।

जब सिर्फ़ फ़ोटो काफ़ी न हो

पेंट की हुई या जली हुई लकड़ी और मिश्रित शीटों की फ़ोटो से पहचान मुश्किल है, क्योंकि रेशे दिखते ही नहीं। जहाँ संभव हो, सतह घिसकर असली लकड़ी सामने लाएँ। कानूनी रूप से संवेदनशील मामलों, पुरानी वस्तुओं की मरम्मत या संरक्षित प्रजाति होने के संदेह में फ़ोटो से पहचान को शुरुआती अनुमान मानें और विशेषज्ञ से पुष्टि कराएँ। कुछ रोज़वुड की पक्की पहचान के लिए प्रयोगशाला में लकड़ी की संरचना जाँचना ज़रूरी होता है। लेकिन रोज़मर्रा के "यह मेपल है या बर्च?" जैसे सवाल का जवाब फ़ोटो से वहीं मिल जाता है।

लोगों के सवाल

क्या ऐप पुराने पैलेट और दोबारा इस्तेमाल होने वाली लकड़ी पहचान सकता है?

हाँ, बशर्ते ताज़े रेशे दिखें। मौसम की मार से पुरानी सतहें एक जैसी धूसर दिखती हैं। एक सतह या सिरे को हल्का घिस दें, ताकि कैमरे को लकड़ी की असली बनावट दिखे।

क्या फ़िनिश लगे लकड़ी के फ़र्श की पहचान हो सकती है?

अक्सर हाँ, क्योंकि पारदर्शी फ़िनिश के नीचे रेशों की बनावट दिखती रहती है। बराबर रोशनी में साफ़ तख्ते की फ़ोटो लें और खिड़की की चमक से बचें। ओक, मेपल और हिकरी के फ़र्श आम तौर पर भरोसेमंद ढंग से पहचाने जाते हैं।